बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर का जीवन संघर्ष और सफलता की ऐसी अद्भुत मिसाल है जो शायद ही कहीं और देखने को मिले।

दोस्तों बाबासाहेब अंबेडकर Indian Caste System की बुराइयों के बीज जन्म में बाबा साहब ने बचपन से ही अपेक्षा और असमानता का जातिवाद और भेदभाव झेला है। कोई आम आदमी इन जातिवाद और भेदभाव से कमजोर पड़ जाता पर बाबासाहेब तो कुछ अलग ही मिट्टी के बने थे। इन भेदभावों से उन्हें एक ब्रिज सा मजबूत बना दिया और उनकी असीम इच्छाशक्ति और मेहनत के बल पर उन्होंने एक आधुनिक भारत के निर्माण में बहुत बड़ा योगदान दिया।

दोस्तों आज हम आपको उनसे संबंधित दक्ष कुछ ऐसी बातें बताने जा रहे हैं जो शायद आपने पहले नहीं सुनी होंगी तो दोस्तों आइए जानते हैं :-

  1. डॉक्टर भीमराव अंबेडकर का मूल्य ओरिजिनल नाम अम्बावाडेकर था। लेकिन उनके शिक्षक महादेव अंबेडकर जो उन्हें बहुत मानते थे, ने स्कूल रिकार्ड्स में उनका नाम अम्बावाडेकर से अंबेडकर कर दिया।

  2.  डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के पूर्वज काफी समय तक ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी में एंप्लॉयड थे और उनके पिता इंडियन आर्मी में Mhow Cantonment में तैनात थे।

  3. डॉ बी आर अंबेडकर भारतीय संविधान की धारा 370, जो जम्मू और कश्मीर को विशेष दर्जा देता है के खिलाफ थे।

  4. डॉ आंबेडकर बाद में साल में डायबिटीज से बुरी तरह ग्रस्त थे।

  5. इंडियन फ्लैग में अशोक चक्र को देने का जगह देने का श्रेय भी डॉक्टर भीमराव अंबेडकर को जाता है।

  6. Doctor BR Ambedkar Labour Member Of The Viceroy’s Executive Council के सदस्य थे और इन्हीं की वजह से ट्रैक्टरों में कम से कम 12 से14 घंटे काम करने का नियम बदलकर सिर्फ 8 घंटे कर दिया गया था।

  7. डॉक्टर बी आर अंबेडकर की दो शादियां हुई थी पहली 9 वर्षीय बालिका रमाबाई के साथ तब बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर सिर्फ 15 वर्ष के थे। और दूसरी शादी रामाबाई की मृत्यु के बाद हेल्थ इश्यूज की वजह से 57 साल की उम्र में डॉक्टर शारदा कबीर से हुई थी।

  8. दोस्तों बेहतर विकास के लिए 50 के दशक में ही बाबा साहब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ने मध्य प्रदेश और बिहार के विभाजन का प्रस्ताव रखा था, पर सन 2000 में जाकर ही इनका विवाह शंकर छत्तीसगढ़ और झारखंड का गठन किया गया।

  9. वह बाबा साहब ही थे जिन्होंने महिला श्रमिकों के लिए सहायक Maternity Benefit For Women Labour, Women Labour Welfare Fund, Women And Child, Labour Protection Act जैसे कानून बनाए।

  10. Economics का Nobel Prize जीत चुके अर्थशास्त्री प्रो. अमर्त्य सेन डॉक्टर भीमराव अंबेडकर को अर्थशास्त्र में अपना पिता मानते हैं।

दोस्तों अगर यह आर्टिकल आपको पसंद आया है तो आर्टिकल को लाइक, शेयर जरूर करें। और अपने कॉमेंट करना बिल्कुल भी ना भूलें और हमें सब्सक्राइब भी जरूर करें।

LEAVE A REPLY

Please enter your name here
Please enter your comment!